कर्नाटक: बारिश में 4% कमी के बावजूद बेलगावी ने बुवाई का 95% लक्ष्य हासिल किया
बेलगावी (कर्नाटक): सामान्य से 4% कम मॉनसून बारिश के बावजूद कर्नाटक के बेलगावी जिले ने खरीफ सीजन में बुवाई का 95% लक्ष्य हासिल कर उल्लेखनीय प्रदर्शन किया है। कृषि विभाग के अनुसार जिले में 7.52 लाख हेक्टेयर के निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले 7.16 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में बुवाई पूरी हो चुकी है, जो राज्य में सबसे अधिक है। अधिकारियों का कहना है कि बीज, उर्वरक और कृषि उपकरणों की पर्याप्त उपलब्धता तथा अनुकूल मौसम के कारण इस सीजन में अच्छी पैदावार की उम्मीद है।
जिले में अब तक 341 मिमी वर्षा दर्ज की गई है, जबकि सामान्य औसत 354 मिमी है। यानी बारिश में केवल 4% की कमी रही, जिसका बुवाई पर कोई बड़ा असर नहीं पड़ा। विभाग के अनुसार धान की बुवाई 55,925 हेक्टेयर के लक्ष्य के मुकाबले 49,554 हेक्टेयर (88.61%), चवली (लोबिया) की 1,54,032 हेक्टेयर के मुकाबले 1,17,001 हेक्टेयर (75.9%), अरहर की 14,600 हेक्टेयर के मुकाबले 14,084 हेक्टेयर (96.4%), मूंगफली की 13,230 हेक्टेयर के मुकाबले 13,166 हेक्टेयर (99.5%), कपास की 25,000 हेक्टेयर के मुकाबले 17,578 हेक्टेयर (70.3%) तथा अन्य फसलों की 22,773 हेक्टेयर के मुकाबले 10,457 हेक्टेयर (45.9%) में बुवाई हुई है।
वहीं सोयाबीन की बुवाई 99,000 हेक्टेयर के लक्ष्य के मुकाबले 1,10,726 हेक्टेयर (111.8%), मूंग की 47,752 हेक्टेयर के मुकाबले 55,044 हेक्टेयर (115.2%), उड़द की 15,000 हेक्टेयर के मुकाबले 17,204 हेक्टेयर (114.6%) तथा गन्ने की 30,500 हेक्टेयर के लक्ष्य के मुकाबले 31,220 हेक्टेयर (102.04%) में हुई, जो निर्धारित लक्ष्य से अधिक है।
तालुका स्तर पर सवदत्ती ने 105% और बेलहोंगल ने 104% लक्ष्य हासिल कर सबसे बेहतर प्रदर्शन किया। कित्तूर और निप्पानी में 100% बुवाई पूरी हो चुकी है। इसके अलावा चिकोडी में 99%, रायबाग में 95%, हुक्केरी, खानापुर और यारगट्टी में 94%, गोकक, मुदलागी और कागवाड में 92%, अथानी और रामदुर्ग में 91%, जबकि बेलगावी तालुका में 84% बुवाई दर्ज की गई है।
जिला पंचायत के मुख्य कार्यकारी अधिकारी राहुल शिंदे ने बताया कि खरीफ सीजन के लिए 37,543 क्विंटल बीज की मांग के मुकाबले 37,267 क्विंटल बीज का भंडारण किया गया। अब तक 31,669 क्विंटल बीज किसानों को वितरित किए जा चुके हैं, जबकि 5,598 क्विंटल बीज अभी भी उपलब्ध हैं। उन्होंने कहा कि जिले में बीजों की कोई कमी नहीं है और किसानों तक सरकारी योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
कृषि विभाग के संयुक्त निदेशक एच.डी. कोलेकर ने बताया कि जिले को खरीफ सीजन के लिए 2,50,736 टन उर्वरक की आवश्यकता थी, जबकि अब तक 2,87,370 टन उर्वरक की आपूर्ति की जा चुकी है। इसके अलावा 8,408 टन यूरिया और 1,265 टन डीएपी का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है। अधिकारियों का कहना है कि पर्याप्त कृषि संसाधनों और अनुकूल मौसम के चलते इस सीजन में जिले में बेहतर उत्पादन की उम्मीद है।
और पढ़ें :- भारी बारिश से कपास फसल संकट में